ब्रेकिंग- रोहिंग्या आतंकियों पर सख्त हुए मोदी, देखते ही गोली मारने के आदेश से रोहिंग्या में हड़कंप

नई दिल्ली : रोहिंग्या मुस्लिमों का ख़तरा बढ़ता ही जा रहा है. म्यांमार से 2 लाख से ज्यादा रोहिंग्या मुस्लिम खदेड़े जा चुके हैं, खुफिया एजेंसियों के मुताबिक़ ये रोहिंग्या मुस्लिम अवैध तरीके से बांग्लादेश में घुसपैठ कर चुके हैं. बांग्लादेश खुद इन्हे ख़तरा मानता है और इन्हे खदेड़ने के लिए जरूरी कदम उठा रहा है. ऐसे में मोदी सरकार ने इनकी भारत में घुसपैठ रोकने के लिए एक बड़ा कदम उठाया हैImage result for modi ji

भारत में घुसे तो खाएंगे गोली !
दरअसल बांग्लादेश से ये रोहिंग्या मुस्लिम भारत में घुसपैठ कर सकते हैं, बंगाल में वोट बैंक की भूखी दंगा दीदी के नाम से मशहूर ममता या कई अन्य नेता तो इनका स्वागत सत्कार तक कर सकते हैं. ऐसे में मोदी सरकार की ओर से बॉर्डर सिक्योरिटी फाॅर्स को मुस्तैद रहने के आदेश दिए गए हैं. अवैध तरीके से घुसपैठ कर रहे किसी भी आतंकी या कट्टरपंथी को गोली मारने के निर्देश दिए गए हैं.
भारत-बांग्लादेश बॉर्डर पर बाड़ लगाने का 95 फ़ीसदी काम पूरा कर लिया गया है, अब नदियों, नालों और अन्य दुष्कर स्थानों पर ही बाड़ लगाने का काम बाकी रहता है, जिसे जल्द से जल्द पूरा करने के आदेश दिए गए हैं. इसी के साथ बांग्लादेश बॉर्डर को पूरी तरह से सील कर दिया जाएगा.

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि बाड़ के बीच-बीच में गेट भी लगाए गए हैं, दोनों देशों के नागरिक अब परमिशन लेकर केवल इन गेट के जरिये ही आ जा सकेंगे. बिना परमिशन के घुसने की कोशिश करने वालों को गोली मार दी जायेगी.

भारत-बांग्लादेश बॉर्डर पूरी तरह से सील !
फिलहाल भारत-बांग्लादेश के बीच काफी अच्छे रिश्ते हैं इसलिए बॉर्डर सील करने में बांग्लादेश की ओर से भी सहयोग मिल रहा है. भारत और बांग्लादेश दोनों मिलकर यह बाड़ लगा रहे हैं, पिछले साल भारत-बांग्लादेश बॉर्डर पर समझौता हुआ था, जिसके तुरंत बाद 250 गाँवों को कवर करने के लिए बाड़ लगाने का काम शुरू हुआ. ये सभी गाँव बांग्लादेश की तरफ पड़ते हैं. बाड़ लगाने के बाद अवैध घुसपैठ के साथ-साथ तस्करी, नकली नोट जैसे कई अन्य अपराध भी बंद हो जाएंगे.
अब तक लगायी जा चुकी बाड़ के बाद बॉर्डर से जानवरों खासतौर पर गायों की तस्करी में 5-6 लाख की कमी आयी है. इससे पहले 23 लाख जानवरों की स्मगलिंग होती थी. देश में मौजूद अवैध रोहिंग्या मुस्लिमों को निकालने की कवायद शुरू की जा चुकी है. साथ ही म्यांमार से भागे रोहिंग्या भारत में घुसपैठ ना कर सकें, इसकी पूरी तरह से तैयारियां कर ली गयी हैं.